रक्षाबंधन
भाई-बहन के स्नेह एवं रक्षा-वचन का पर्व।
कथा
इस पर्व से जुड़ी कई ऐतिहासिक/पौराणिक कथाएँ प्रचलित हैं (जैसे इंद्राणी द्वारा इंद्र को रक्षा-सूत्र बांधना) — इनकी ऐतिहासिक प्रामाणिकता भिन्न-भिन्न है, ये परंपरागत कथाओं के रूप में प्रचलित हैं।
पूजा-विधि
बहन द्वारा भाई की कलाई पर राखी (रक्षा-सूत्र) बांधना, भाई द्वारा रक्षा-वचन एवं उपहार।
तिथि-गणना
श्रावण मास की पूर्णिमा को — सामान्यतः अगस्त।
क्षेत्रीय भिन्नताएँ: व्यापक रूप से पूरे भारत में मनाया जाता है, कुछ क्षेत्रों में इसे "नारियल पूर्णिमा" के रूप में भी मनाया जाता है।